Chhattisgarh NewsExclusive

Durg Swine Flu Cases: दुर्ग-भिलाई में H1N1 के 7 नए मरीज, जिले में एक्टिव मामलों की संख्या 16 पहुंची

दुर्ग जिले में स्वाइन फ्लू यानी H1N1 संक्रमण के मामलों में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। रविवार सुबह सामने आए ताजा अपडेट के अनुसार पिछले 24 घंटे में Durg Swine Flu Cases में 7 नए मरीज जुड़ने की जानकारी है। इसके साथ 5 अगस्त से अब तक जिले में सामने आए मामलों की संख्या 33 पहुंच गई है। उपलब्ध स्वास्थ्य संबंधी रिपोर्ट के मुताबिक इनमें 17 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं, जबकि 16 मरीज अभी सक्रिय श्रेणी में हैं। ताजा वेब अपडेट रविवार 6 सितंबर को 10:43 AM पर जारी हुआ।

16 एक्टिव केस, मरीजों की निगरानी जारी

जिला स्वास्थ्य विभाग से संबंधित एक विस्तृत रिपोर्ट के मुताबिक 16 सक्रिय मरीजों में 9 का निजी अस्पतालों में इलाज चल रहा है और 7 मरीज होम आइसोलेशन में हैं। रिपोर्ट में सभी सक्रिय मरीजों की स्थिति स्थिर बताई गई थी। मरीजों के संपर्क में आए लोगों की निगरानी और कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग भी स्वास्थ्य टीमों द्वारा की जा रही है।

कुछ ताजा मीडिया अपडेट में 7 नए मरीजों में अस्पताल और घर पर इलाज करा रहे मरीजों का अलग-अलग आंकड़ा दिया गया है। अलग रिपोर्टों में वर्गीकरण की समयसीमा अलग होने के कारण अंतर दिखाई देता है। इसलिए कुल स्थिति बताते समय जिला स्तर के व्यापक आंकड़े—33 कुल मामले, 17 स्वस्थ और 16 सक्रिय—को प्राथमिकता देना अधिक स्पष्ट है।

अगस्त से लगातार सामने आ रहे मामले

दुर्ग जिले में H1N1 के मामले अगस्त की शुरुआत से दर्ज किए जा रहे हैं। 5 अगस्त से 5 सितंबर तक 33 मरीज मिलने की जानकारी सामने आई है। स्वास्थ्य विभाग के लिए बढ़ते मामलों के बीच सबसे महत्वपूर्ण काम संक्रमित मरीजों की निगरानी और उनके संपर्क में आए लोगों की समय पर पहचान है।

विस्तृत स्थानीय रिपोर्ट में बताया गया कि कुछ मरीजों का उपचार स्पर्श, हाईटेक और पल्स जैसे निजी अस्पतालों में चल रहा है। जिला स्वास्थ्य विभाग की टीम इन अस्पतालों से मरीजों की स्थिति से संबंधित अपडेट ले रही है।

स्वास्थ्य विभाग की टीमें सक्रिय

CMHO डॉ. मनोज दानी, जिला सर्विलांस से जुड़े अधिकारियों और स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा स्थिति की निगरानी किए जाने की जानकारी रिपोर्ट में दी गई है। H1N1 के मामले बढ़ने पर निगरानी इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि शुरुआती लक्षण सामान्य मौसमी वायरल संक्रमण जैसे दिखाई दे सकते हैं।

बुखार, खांसी या सांस से संबंधित परेशानी होने पर स्वयं बीमारी का निष्कर्ष निकालने के बजाय चिकित्सकीय सलाह लेना जरूरी है। खास तौर पर पहले से गंभीर बीमारी वाले व्यक्ति, बुजुर्ग, गर्भवती महिलाएं या अन्य जोखिम समूहों को लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। व्यक्तिगत उपचार और दवा केवल योग्य चिकित्सक की सलाह के आधार पर ही ली जानी चाहिए।

राज्य में भी बढ़े हैं मामले

दुर्ग की स्थिति को राज्य के व्यापक परिप्रेक्ष्य से देखने पर H1N1 के मामले केवल एक जिले तक सीमित नहीं हैं। सितंबर के शुरुआती दिनों में प्रदेश के विभिन्न हिस्सों से भी संक्रमण के मामले सामने आए हैं। इसलिए जिला स्वास्थ्य विभागों के लिए टेस्टिंग, संदिग्ध मरीजों की पहचान और अस्पतालों में व्यवस्था बनाए रखना महत्वपूर्ण बना हुआ है। राज्यस्तरीय आंकड़े अलग-अलग तारीख पर अपडेट होते हैं, इसलिए दुर्ग के 33 मामलों को प्रदेश के कुल मामलों के साथ जोड़कर पढ़ते समय रिपोर्टिंग अवधि का ध्यान रखना जरूरी है।

क्या सावधानी रखनी चाहिए

स्वास्थ्य विभाग आम तौर पर श्वसन संक्रमण के मामलों में भीड़ वाले स्थानों पर आवश्यक सावधानी, खांसते या छींकते समय मुंह ढकने, हाथों की सफाई और बीमार होने पर दूसरे लोगों से अनावश्यक निकट संपर्क से बचने की सलाह देता है। गंभीर लक्षण दिखाई देने पर अस्पताल या डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

किसी भी H1N1 पॉजिटिव मरीज के बारे में सोशल मीडिया पर नाम, पता या निजी मेडिकल जानकारी साझा करना उचित नहीं है। संक्रमण की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य एजेंसियों की प्रमाणित जानकारी पर भरोसा करना ज्यादा उपयोगी है।

7 नए मामलों के बाद बढ़ी निगरानी

एक ही दिन में 7 नए मामले सामने आना जिला स्वास्थ्य प्रशासन के लिए सतर्कता का संकेत है, लेकिन उपलब्ध रिपोर्ट में सक्रिय मरीजों की स्थिति स्थिर बताई गई है। इसलिए खबर को भय फैलाने वाले अंदाज में पेश करने के बजाय संक्रमण की वर्तमान संख्या, उपचार की स्थिति और स्वास्थ्य विभाग की निगरानी पर केंद्रित रखना चाहिए।

Related Articles

Back to top button