IND vs WI 2nd T20:रांची T20 में 250 रन बनाकर भी हारी टीम इंडिया: भड़के सुनील गावस्कर, कहा- ‘गेंदबाजी कोच से सवाल पूछना जरूरी’

IND vs WI 2nd T20: भारत और वेस्टइंडीज (IND vs WI) के बीच रांची में खेला गया दूसरा टी20 इंटरनेशनल मुकाबला क्रिकेट इतिहास के पन्नों में दर्ज हो गया है। टी20 क्रिकेट में अमूमन 500 से ज्यादा रन बहुत कम देखने को मिलते हैं, लेकिन रांची में रनों की ऐसी बारिश हुई कि रिकॉर्ड बुक ही पलट गई।
भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 249 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया था। लेकिन वेस्टइंडीज (West Indies) ने 250 रनों के इस पहाड़ जैसे लक्ष्य को महज 18.3 ओवर (9 गेंद शेष रहते) में 4 विकेट खोकर आसानी से हासिल कर लिया। यह वेस्टइंडीज का टी20 इंटरनेशनल इतिहास में सबसे सफल रन चेज (Record Run Chase) है। टीम इंडिया की इस करारी हार और गेंदबाजों के शर्मनाक प्रदर्शन पर पूर्व दिग्गज क्रिकेटर सुनील गावस्कर (Sunil Gavaskar) बुरी तरह भड़क गए हैं।
गावस्कर ने बताया हार का असली जिम्मेदार(IND vs WI 2nd T20)
मैच के बाद स्टार स्पोर्ट्स पर चर्चा करते हुए सुनील गावस्कर ने भारतीय बल्लेबाजों का बचाव किया और हार का ठीकरा पूरी तरह से गेंदबाजों और गेंदबाजी कोच पर फोड़ा है।
गावस्कर ने कहा, “मुझे लग रहा था कि भारत 235-240 के पास पहुंचेगा, लेकिन टीम ने उससे भी 9 रन ज्यादा बनाए। एक बात तो बिल्कुल साफ है कि इस हार के लिए बल्लेबाजों को दोष नहीं दिया जा सकता। मुझे नहीं लगता कि उन्होंने कम स्कोर किया था।”
उन्होंने आगे कहा, “साफ है कि गेंदबाजों ने वैसा प्रदर्शन नहीं किया, जैसा उन्हें करना चाहिए था। अब भारतीय टीम के गेंदबाजी कोच (Bowling Coach) से यह सवाल पूछना बेहद जरूरी है कि वे गेंदबाजों से क्या उम्मीद कर रहे थे और क्या गेंदबाजों ने मैदान पर उनकी रणनीति के मुताबिक काम किया?”
अक्षर पटेल को चौथा ओवर देना बड़ी गलती: वरुण एरोन
भारतीय गेंदबाजों की रणनीति पर पूर्व तेज गेंदबाज वरुण एरोन (Varun Aaron) ने भी सवाल उठाए। एरोन ने कहा, “अक्षर पटेल को पारी का चौथा ओवर देना बिल्कुल भी जरूरी नहीं था। वेस्टइंडीज के शाई होप (Shai Hope) और रोवमैन पॉवेल जैसे मध्य क्रम के बल्लेबाज नई गेंद के खिलाफ हमेशा कमजोर रहे हैं। आपको शुरुआत के चार ओवर तेज गेंदबाजों से ही कराने चाहिए थे।”
शाई होप और रदरफोर्ड ने उड़ाई भारतीय स्पिनर्स की धज्जियां
250 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी वेस्टइंडीज टीम के लिए कप्तान शाई होप (Shai Hope) और शेरफेन रदरफोर्ड (Sherfane Rutherford) हीरो बनकर उभरे।
- शाई होप का शतक: होप ने तूफानी बल्लेबाजी करते हुए महज 45 गेंदों में 6 चौकों और 9 छक्कों की मदद से नाबाद 102 रन बनाए। उन्होंने अक्षर पटेल की गेंद पर छक्का जड़कर अपना शतक पूरा किया।
- रदरफोर्ड का तूफान: रदरफोर्ड ने 37 गेंदों में 7 चौकों और 7 छक्कों की मदद से 84 रनों की विध्वंसक पारी खेली।
इन दोनों के बीच 54 गेंदों में 120 रनों की साझेदारी हुई, जिसने भारतीय स्पिन आक्रमण की धज्जियां उड़ा दीं। आखिर में रोमारियो शेफर्ड ने 13 गेंदों में 34 रन बनाकर टीम को जीत दिला दी।
मयंक यादव की एक गलती पड़ी भारी
भारत को इस मैच में फील्डिंग की एक बड़ी गलती का खामियाजा भी भुगतना पड़ा। जब रदरफोर्ड 38 रन के निजी स्कोर पर थे, तब कुलदीप यादव (Kuldeep Yadav) की गेंद पर मयंक यादव ने उनका एक आसान सा कैच टपका दिया था। यही जीवनदान भारत की हार का बड़ा कारण बना।
इससे पहले भारत के लिए संजू सैमसन (Sanju Samson) ने 82 रनों की आक्रामक पारी खेलकर फॉर्म में वापसी की थी, जबकि श्रेयस अय्यर और तिलक वर्मा ने भी तेजतर्रार पारियां खेली थीं। इस जीत के साथ वेस्टइंडीज ने तीन मैचों की सीरीज 1-1 से बराबर कर ली है। सीरीज का पहला मैच भारत ने लखनऊ में 8 विकेट से जीता था।






