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Asian Para Games 2026 Medal Tally: तीसरे दिन भारत की झोली में 3 गोल्ड, शॉट पुट में क्लीन स्वीप, कुल पदक 48 पहुंचे

नई दिल्ली। जापान के नागोया में चल रहे एशियन पैरा गेम्स में भारतीय खिलाड़ियों का दबदबा तीसरे दिन भी जारी रहा। (Asian Para Games 2026 Medal Tally) बुधवार 21 अक्टूबर को भारत ने दिन की शुरुआत 3 गोल्ड मेडल के साथ की। ये तीनों गोल्ड हाई जंप और शॉट पुट में आए। Asian Para Games 2026 Medal Tally में भारत अब 48 पदक के साथ पांचवें स्थान पर है, जिसमें 12 गोल्ड, 18 सिल्वर और 18 ब्रॉन्ज शामिल हैं।

तीसरे दिन अकेले भारतीय खिलाड़ी खबर लिखे जाने तक 13 पदक पक्के कर चुके थे। एथलेटिक्स, पावरलिफ्टिंग और तीरंदाजी में भारत की चमक साफ दिखी।

शॉट पुट एफ46 में भारत का क्लीन स्वीप

दिन की सबसे बड़ी कहानी पुरुषों की शॉट पुट एफ46 स्पर्धा रही, जिसमें तीनों पदक भारत के नाम रहे। सचिन सरजेराव खिलारी ने अपने छठे और आखिरी थ्रो में 15.87 मीटर फेंककर गोल्ड जीता। उन्होंने 15.67 मीटर का खेलों का पुराना रिकॉर्ड भी तोड़ दिया।

मोहम्मद यासर ने 15.06 मीटर के थ्रो के साथ सिल्वर जीता, जबकि परवीन 14.94 मीटर के साथ तीसरे स्थान पर रहे। सचिन पेरिस पैरालंपिक में सिल्वर और पिछले एशियन पैरा गेम्स में गोल्ड जीत चुके हैं। एफ46 श्रेणी उन खिलाड़ियों के लिए है जिनके एक हाथ में विकलांगता होती है।

हाई जंप में प्रवीण कुमार का रिकॉर्ड

पुरुषों की हाई जंप टी44/64 स्पर्धा में प्रवीण कुमार ने 2.05 मीटर की छलांग लगाकर खेलों के नए रिकॉर्ड के साथ गोल्ड जीता। इसी मुकाबले में बंटी ने 1.92 मीटर के साथ सिल्वर हासिल किया। उज्बेकिस्तान के तेमुरबेक गियाजोव 1.86 मीटर के साथ तीसरे रहे।

आयुष वर्मा का दूसरा पदक

पुरुषों की शॉट पुट एफ53 स्पर्धा में आयुष वर्मा ने पांचवें प्रयास में 8.16 मीटर फेंककर गोल्ड जीता। ईरान के अलीरेजा हेमामी 8.09 मीटर के साथ दूसरे और कजाकिस्तान के मखाम्बेट सेरिक्कालियेव 6.81 मीटर के साथ तीसरे रहे। आयुष इससे पहले मंगलवार को भाला फेंक एफ53/एफ54 में ब्रॉन्ज जीत चुके हैं।

Asian Para Games 2026 Medal Tally: सिल्वर और ब्रॉन्ज जीतने वाले खिलाड़ी

तीसरे दिन भारत को कई सिल्वर और ब्रॉन्ज भी मिले।

  • मंजीत व्यास: पुरुषों के जैवलिन थ्रो एफ13 में 61.03 मीटर के निजी सर्वश्रेष्ठ थ्रो के साथ सिल्वर
  • कस्तूरी राजमणि: पावरलिफ्टिंग महिला 67 किलो वर्ग में 108 किलो उठाकर सिल्वर
  • शीतल देवी और पायल नाग: महिला कंपाउंड तीरंदाजी डबल्स में सिल्वर, फाइनल में चीन से 141-150 से हारीं
  • भाग्यश्री जाधव: महिला शॉट पुट एफ34 में 8.19 मीटर के साथ सिल्वर
  • राकेशभाई भट्ट: पुरुष 100 मीटर टी37 में 11.50 सेकंड के साथ ब्रॉन्ज
  • अनुभव चौधरी: पुरुष 100 मीटर टी35 में 12.72 सेकंड के साथ ब्रॉन्ज

कस्तूरी के संघर्ष की कहानी

तमिलनाडु की 42 साल की कस्तूरी राजमणि के दोनों पैरों में पोलियो है। उन्होंने बचपन में ही अपनी मां को खो दिया था और उनकी परवरिश दादी ने की। तीसरे और आखिरी प्रयास में 108 किलो वजन उठाकर उन्होंने दक्षिण कोरिया की किम ह्योंगहुई को 1 किलो से पीछे छोड़ा।

तीरंदाज शीतल देवी का यह इस मुकाबले में लगातार दूसरा सिल्वर है। पिछले एशियन पैरा गेम्स में भी उन्होंने सरिता देवी के साथ जोड़ी बनाकर दूसरा स्थान हासिल किया था। व्यक्तिगत स्पर्धा में वे गोल्ड की दावेदार मानी जा रही हैं।

आगे के मुकाबलों पर नजर

ये खेल 18 से 24 अक्टूबर तक चल रहे हैं। पिछली बार हांगझोऊ में भारत ने 111 पदक जीते थे। तीसरे दिन तक 48 पदक के साथ भारत की रफ्तार अच्छी मानी जा रही है।

पैरा खेलों की पिछली खबरें आप जनदखल स्पोर्ट्स में पढ़ सकते हैं। खिलाड़ियों के संघर्ष की दूसरी कहानियों के लिए खेल की खबरें भी देखें। भारतीय दल की आधिकारिक जानकारी पैरालंपिक कमेटी ऑफ इंडिया की वेबसाइट पर है।

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