CG High Court Pension Decision: बुजुर्ग पेंशनरों के हक में बड़ा फैसला, 32 महीने का रुका एरियर 120 दिन में देने का हुक्म

छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने (CG High Court Pension Decision) राज्य के रिटायर्ड सरकारी कर्मचारियों और बुजुर्ग पेंशनरों के हक में एक बहुत ही बड़ा और ऐतिहासिक फैसला सुनाया है. बिलासपुर हाई कोर्ट के इस फैसले से उन हजारों बुजुर्गों को बड़ी राहत मिली है, जो अपने हक के पैसे के लिए लंबे समय से इंतजार कर रहे थे. अदालत ने राज्य सरकार को 32 महीने के रुके हुए पेंशन एरियर का पैसा चुकाने का सख्त हुक्म दिया है.
120 दिनों के अंदर देना होगा पैसा, CG High Court Pension Decision
बिलासपुर हाई कोर्ट के जस्टिस राकेश मोहन पांडे की सिंगल बेंच ने यह अहम फैसला सुनाया है. (CG High Court Pension Decision) अदालत ने साफ लफ्जों में कहा है कि सरकार 1 जनवरी 2006 से लेकर 31 अगस्त 2008 तक के 32 महीने के पेंशन एरियर का भुगतान करे. अदालत ने इस काम के लिए 120 दिनों (करीब 4 महीने) की मोहलत दी है.
यानी सरकार को हर हाल में 120 दिनों के अंदर पेंशनरों के खातों में उनका रुका हुआ पैसा डालना होगा. कोर्ट ने यह भी साफ किया है कि इस रकम को चुकाने में छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश सरकार अपने-अपने हिस्से की जिम्मेदारी निभाएं.
80 साल के बुजुर्ग की याचिका पर मिला इंसाफ
यह पूरा मामला बस्तर के रहने वाले 80 साल के बुजुर्ग ज्ञानदत्त मिश्रा की याचिका से जुड़ा है. ज्ञानदत्त मिश्रा एक रिटायर्ड प्रधान पाठक (हेडमास्टर) हैं, जिन्होंने अपने हक के लिए हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था.(CG High Court Pension Decision) उनकी याचिका पर सुनवाई करते हुए अदालत ने पाया कि सरकार के पुराने नियम में पेंशनरों के साथ नाइंसाफी और भेदभाव हो रहा था.
सरकारी आदेश को अदालत ने किया रद्द
दरअसल, राज्य सरकार का 1 पुराना सर्कुलर (आदेश) था, जिसमें कहा गया था कि 1 जनवरी 2006 से पहले रिटायर होने वाले पेंशनरों को असली माली फायदा (वित्तीय लाभ) 1 सितंबर 2008 से दिया जाएगा. (CG High Court Pension Decision) हाई कोर्ट ने सरकार के इस आदेश को भेदभाव वाला और नाइंसाफी से भरा मानते हुए रद्द कर दिया है.
कोर्ट ने साफ कहा कि एक जैसी हालत वाले पेंशनरों के साथ अलग-अलग बर्ताव नहीं किया जा सकता. हाई कोर्ट के इस शानदार फैसले के बाद छत्तीसगढ़ के हजारों रिटायर्ड कर्मचारियों और बुजुर्ग पेंशनरों को 1 बहुत बड़ा माली फायदा (आर्थिक लाभ) मिलने का रास्ता पूरी तरह साफ हो गया है.






