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सीतापुर विधायक और नायब तहसीलदार विवाद में नया मोड़: सच्चाई जानने के लिए अफसर ने की नार्को टेस्ट की मांग

अंबिकापुर/सीतापुर। छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में सीतापुर के भाजपा विधायक रामकुमार टोप्पो और राजापुर के नायब तहसीलदार तुषार मानिक के बीच विवाद लगातार गहराता जा रहा है। (Sitapur MLA Naib Tehsildar dispute) कथित मारपीट और एफआईआर के बाद इस हाई-प्रोफाइल मामले ने अब एक नया मोड़ ले लिया है। पीड़ित नायब तहसीलदार तुषार मानिक ने मांग की है कि इस पूरे मामले की सच्चाई देश और प्रदेश के सामने लाने के लिए उनका और विधायक रामकुमार टोप्पो दोनों का ‘नार्को टेस्ट’ (Narco Test) कराया जाए। वहीं, घटना के विरोध में छत्तीसगढ़ कनिष्ठ प्रशासनिक सेवा संघ ने 1 जून से प्रदेश भर में अनिश्चितकालीन कलमबंद हड़ताल शुरू कर दी है।

क्या है पूरा मामला और विवाद की जड़?

यह पूरा विवाद 27 मई को राजापुर उप-तहसील में शुरू हुआ था।

  • दस्तावेजों पर हस्ताक्षर का दबाव: जानकारी के मुताबिक, विधायक रामकुमार टोप्पो के जीजा (जो हत्या के मामले में आजीवन कारावास की सजा काट रहे हैं) को पैरोल पर बाहर लाने के लिए एक शोधन दक्षता प्रमाण पत्र पर हस्ताक्षर कराने की प्रक्रिया चल रही थी।
  • मारपीट का आरोप: नायब तहसीलदार तुषार मानिक का आरोप है कि विधायक की चचेरी बहन सीमा ने उन पर हस्ताक्षर करने का दबाव बनाया और बदसलूकी की। बाद में जब उन्हें राजापुर बुलाया गया, तो विधायक रामकुमार टोप्पो और उनके समर्थकों ने उनके साथ गाली-गलौज, धक्का-मुक्की और मारपीट की, जिससे उनके कपड़े भी फट गए।
  • दोनों पक्षों की ओर से FIR: नायब तहसीलदार की शिकायत पर कोतवाली थाने में विधायक रामकुमार टोप्पो, यूसुफ, नजीम, राजा और पंकज गुप्ता समेत 10 लोगों के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न गैर-जमानती धाराओं में केस दर्ज किया गया है। दूसरी ओर, विधायक की चचेरी बहन की शिकायत पर नायब तहसीलदार के खिलाफ भी अभद्रता और जातिगत गाली देने के आरोप में सीतापुर थाने में एफआईआर दर्ज की गई है।

नार्को टेस्ट की मांग और प्रशासनिक हड़ताल

मामले में अब प्रशासनिक अधिकारियों का गुस्सा फूट पड़ा है और राजस्व कामकाज पूरी तरह प्रभावित हो गया है।

  • नार्को टेस्ट से खुलेगा राज: नायब तहसीलदार तुषार मानिक ने खुले मंच से कहा है कि निष्पक्ष जांच के लिए दोनों पक्षों का नार्को टेस्ट होना चाहिए ताकि यह साबित हो सके कि कौन झूठ बोल रहा है और कौन सच।
  • प्रदेशव्यापी हड़ताल: कनिष्ठ प्रशासनिक सेवा संघ ने विधायक और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर 1 जून से राज्यभर में अनिश्चितकालीन हड़ताल कर दी है, जिससे तहसीलों में कामकाज ठप हो गया है।
  • विधायक का रुख: विधायक रामकुमार टोप्पो ने कहा है कि वह जांच में पुलिस का पूरा सहयोग करेंगे। शुक्रवार को उन्होंने सरेंडर करने की बात भी कही थी, लेकिन समर्थकों द्वारा नेशनल हाईवे 43 पर रोके जाने के बाद वह वापस लौट गए और गिरफ्तारी नहीं दी।

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