Rajnandgaon News: सिस्टम की नाकामी का गजब उदाहरण! गांव वालों ने की खुद के लिए ‘सरकारी शराब दुकान’ खोलने की मांग

Rajnandgaon Liquor News:छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) के राजनांदगांव जिले से एक ऐसी हैरान करने वाली खबर सामने आई है, जो हमारे प्रशासनिक सिस्टम और कानून-व्यवस्था पर एक करारा तमाचा है। आमतौर पर आपने महिलाओं और ग्रामीणों को अपने गांव से शराब की दुकान हटाने के लिए धरना-प्रदर्शन करते देखा होगा। लेकिन राजनांदगांव के डोंगरगढ़ ब्लॉक के ग्राम कल्याणपुर में इसका ठीक उल्टा हो रहा है। यहां के ग्रामीण खुद प्रशासन से गुहार लगा रहे हैं कि उनके गांव में एक ‘सरकारी शराब दुकान’ खोल दी जाए। ग्रामीणों की यह अजीबोगरीब मांग प्रशासन की उस नाकामी का नतीजा है, जिसके चलते गांव में अवैध शराब का कारोबार बेलगाम हो चुका है।
अवैध शराब से त्रस्त होकर निकाला अनोखा समाधान
कल्याणपुर गांव के लोगों का कहना है कि उनके गांव में लंबे समय से अवैध शराब (Illegal Liquor) बेचने वाले सक्रिय हैं।
- ग्रामीणों ने कई बार पुलिस और स्थानीय प्रशासन से अवैध शराब माफियाओं की शिकायत की, लेकिन सिस्टम की तरफ से कार्रवाई केवल कागजों तक ही सीमित रही।
- नतीजा यह हुआ कि अवैध शराब बेचने वालों के हौसले और बुलंद हो गए। इस जहरीली और नकली शराब से न सिर्फ गांव के लोगों का स्वास्थ्य खराब हो रहा है, बल्कि युवा तेजी से नशे की गिरफ्त में जा रहे हैं।
- सिस्टम से पूरी तरह निराश हो चुके ग्रामीणों ने अंततः एक अनोखा रास्ता चुना। उन्होंने बाकायदा ग्राम सभा बुलाई और उसमें सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया कि गांव में एक सरकारी शराब दुकान (Government Liquor Shop) खोली जाए।
- ग्रामीणों की सोच है कि अगर सरकारी दुकान खुलेगी, तो कम से कम अवैध और जहरीली शराब के कारोबार पर लगाम लगेगी और प्रशासनिक नियंत्रण मजबूत होगा। इसके लिए गांव वालों ने सरकारी जमीन तक चिन्हित कर ली है।
प्रशासन को चेतावनी और ‘वायरल पोस्टर’ का सच
ग्राम सभा में प्रस्ताव पारित करने के बाद, बड़ी संख्या में ग्रामीण डोंगरगढ़ के एसडीएम (SDM) कार्यालय पहुंचे। उन्होंने मुख्यमंत्री, आबकारी मंत्री, कलेक्टर और एसडीएम के नाम एक ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने साफ चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांग पूरी नहीं हुई और अवैध शराब बंद नहीं हुई, तो वे उग्र आंदोलन करेंगे।
इसी बीच, डोंगरगढ़ शहर में एक पोस्टर भी तेजी से वायरल हो रहा है जिसने पुलिस महकमे की नींद उड़ा दी है। इस पोस्टर में खुलेआम दावा किया गया है कि शहर के कुछ होटलों में 24 घंटे हर ब्रांड की शराब उपलब्ध है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इस पोस्टर में अवैध शराब कारोबारियों को ‘पुलिस संरक्षण’ मिलने का भी सीधा आरोप लगाया गया है। कल्याणपुर गांव की मांग और यह वायरल पोस्टर, दोनों ही घटनाएं इस बात का साफ प्रमाण हैं कि जमीनी स्तर पर सिस्टम किस कदर फेल हो चुका है।



