ईंधन बचत के लिए सीएम साय का बड़ा कदम: सरकारी काफिले में होगी कटौती

Fuel Conservation:प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ईंधन बचत और संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग की अपील का असर छत्तीसगढ़ प्रशासन पर दिखने लगा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बुधवार को घोषणा की कि वे अपने आधिकारिक सरकारी काफिले के आकार को कम करेंगे और भविष्य में इलेक्ट्रिक वाहनों (EVs) के उपयोग को प्राथमिकता देंगे।
प्रधानमंत्री का आह्वान और वैश्विक संदर्भ
प्रधानमंत्री मोदी ने हाल ही में पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के मद्देनजर ऊर्जा संकट की संभावना को देखते हुए ईंधन बचाने की सलाह दी थी। उन्होंने पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने के लिए कई सुझाव दिए थे, जिनमें शामिल हैं:
- सार्वजनिक परिवहन और मेट्रो का उपयोग।
- कारपूलिंग को बढ़ावा देना।
- रेलवे के माध्यम से पार्सल ढुलाई को प्राथमिकता।
- आवश्यकतानुसार ‘वर्क फ्रॉम होम’ अपनाना।
रायपुर में मीडिया से चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि वैश्विक संघर्ष पूरी दुनिया को प्रभावित कर रहा है, और भारत के लिए संसाधनों का जिम्मेदार उपयोग अनिवार्य है।
इलेक्ट्रिक वाहनों पर विशेष ध्यान
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि उनकी सरकार चरणबद्ध तरीके से सभी सरकारी वाहनों को इलेक्ट्रिक वाहनों में बदलने की दिशा में ठोस काम करेगी। इसके अतिरिक्त:
- सरकारी काफिले में वाहनों की संख्या तुरंत कम कर दी गई है।
- मंत्रियों और बोर्ड/निगमों के पदाधिकारियों से भी सरकारी संसाधनों का संयमित उपयोग करने की अपील की गई है।
- वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने भी सुरक्षा कारणों को छोड़कर अपने काफिले में पायलट और फॉलो वाहनों के उपयोग को कम करने की घोषणा की है।
“राष्ट्र प्रथम” की भावना
मुख्यमंत्री ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया पोस्ट में ईंधन बचत को एक “जनआंदोलन” बनाने का आह्वान किया। उन्होंने नागरिकों से निजी वाहनों का अनावश्यक इस्तेमाल कम करने और सार्वजनिक परिवहन का अधिक उपयोग करने की अपील की है ताकि “राष्ट्र प्रथम” की भावना के साथ ऊर्जा संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके।



