Chhattisgarh NewsExclusive

Bharatmala Project Scam: पूर्व मंत्री के भाई को 2 बार मिला करोड़ों का भुगतान, ED की रेड में खुलासा

छत्तीसगढ़ में भारतमाला प्रोजेक्ट के तहत जमीन अधिग्रहण और मुआवजा वितरण में एक बहुत बड़े घोटाले का खुलासा हुआ है। इस मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर के भाई भूपेंद्र चंद्राकर के कुरुद स्थित निवास पर छापामार कार्रवाई की है। आरोप है कि एक ही जमीन के लिए शासन की ओर से 2 बार करोड़ों रुपये का भुगतान किया गया है।

एक ही जमीन पर 2 बार करोड़ों का मुआवजा

जांच में सामने आया है कि रायपुर जिले के अभनपुर तहसील के अंतर्गत आने वाली 1.34 हेक्टेयर जमीन के लिए मुआवजे का यह खेल खेला गया। पहली बार इस जमीन के लिए लगभग 3.25 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया था। लेकिन भ्रष्टाचार की हद तब पार हो गई जब इसी जमीन के लिए दोबारा लगभग 2.14 करोड़ रुपये का भुगतान कर दिया गया। इस तरह सरकारी खजाने को करोड़ों रुपये की चपत लगाई गई है।

ED की टीम ने दस्तावेजों को खंगाला

सोमवार को ईडी की टीम तड़के 3 गाड़ियों में सवार होकर कुरुद पहुंची। टीम ने भूपेंद्र चंद्राकर के घर को चारों तरफ से घेर लिया और किसी भी बाहरी व्यक्ति के आने-जाने पर रोक लगा दी। अधिकारियों ने घर के अंदर मौजूद जमीन से जुड़े दस्तावेजों, बैंक खातों और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की गहनता से जांच की है। बताया जा रहा है कि इस घोटाले में राजस्व विभाग के कुछ बड़े अधिकारियों की मिलीभगत भी हो सकती है।

सियासी गलियारों में मची खलबली

पूर्व मंत्री के करीबी रिश्तेदार के घर ईडी की इस दस्तक से छत्तीसगढ़ की राजनीति में भूचाल आ गया है। भारतमाला प्रोजेक्ट एक ड्रीम प्रोजेक्ट है, लेकिन इसमें हुए इस मुआवजे के खेल ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल ईडी की जांच जारी है और माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में कुछ और रसूखदार चेहरे बेनकाब हो सकते हैं।

Related Articles

Back to top button