Chhattisgarh Road Safety: हादसों को रोकने IIT मद्रास के साथ एक ऐतिहासिक MoU; 10 जिलों में शुरू होगा प्लान

छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh Road Safety) में सड़क हादसों पर ब्रेक लगाने के लिए 1 बड़ी पहल की गई है। राज्य के परिवहन विभाग और IIT मद्रास (सड़क सुरक्षा उत्कृष्टता केंद्र) के बीच 1 ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर हुए हैं।
इसके जरिए राज्य में डेटा-आधारित (Data-Driven) हाइपरलोकल इंटरवेंशन प्रोग्राम शुरू किया जाएगा, ताकि हादसों में वैज्ञानिक तरीके से कमी लाई जा सके।
खबर की मुख्य बातें (Chhattisgarh Road Safety)
- 10 जिलों पर फोकस: पहले चरण में राज्य के 10 सबसे संवेदनशील जिलों को चुना गया है।
- संजय प्लेटफॉर्म: ‘संजय’ प्लेटफॉर्म के जरिए एक्सीडेंटल ब्लैक स्पॉट्स की पहचान की जाएगी।
- 1 दिवसीय ट्रेनिंग: रायपुर में आयोजित 1 दिवसीय कार्यशाला में 10 जिलों के कलेक्टर और SP शामिल हुए।
- मंत्री का विजन: परिवहन मंत्री केदार कश्यप ने इसे ‘सुरक्षित छत्तीसगढ़’ की दिशा में 1 अहम कदम बताया।
पहले चरण में 10 संवेदनशील जिलों में लागू होगा प्लान
इस योजना के 1ले चरण के लिए सड़क दुर्घटनाओं के लिहाज से सबसे अधिक संवेदनशील 10 जिलों की पहचान की गई है। इन जिलों के जिला प्रशासन, पुलिस, परिवहन और PWD के अधिकारियों को चरणबद्ध तरीके से प्रशिक्षित किया जाएगा।
ट्रेनिंग पूरी होने के बाद, हर जिले की स्थानीय भौगोलिक परिस्थितियों के आधार पर 1 नई और प्रभावी सड़क सुरक्षा कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
‘संजय’ प्लेटफॉर्म से होगी ब्लैक स्पॉट्स की पहचान
अधिकारियों ने बताया कि सड़क दुर्घटना के डेटा का बारीकी से विश्लेषण कर ब्लैक स्पॉट (दुर्घटना संभावित क्षेत्र) की पहचान की जाएगी। इसके लिए अत्याधुनिक ‘संजय’ (Sanjay) प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल किया जाएगा।
इस तकनीक की मदद से साक्ष्य-आधारित 1 सटीक निर्णय लिया जा सकेगा। कम लागत वाले इंजीनियरिंग बदलाव करके इन हादसों को वैज्ञानिक तरीके से रोका जाएगा।
मंत्री केदार कश्यप बोले- हर नागरिक सुरक्षित घर पहुंचे
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि और परिवहन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि 1 सड़क दुर्घटना किसी भी परिवार के लिए 1 अपूरणीय क्षति होती है। सरकार का लक्ष्य सिर्फ दुर्घटनाओं के आंकड़े कम करना नहीं है।
उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य 1 ऐसा सुरक्षित सिस्टम बनाना है, जिससे हर नागरिक सुरक्षित अपने घर पहुंच सके। वहीं, परिवहन सचिव एस. प्रकाश ने सभी विभागों से एकजुट होकर छत्तीसगढ़ को 100% दुर्घटनामुक्त बनाने की अपील की।






