Bilaspur Bird Flu Alert: बिलासपुर में बर्ड फ़्लू की दस्तक, 5 हज़ार मुर्गियों की मौत, अंडे-चिकन की बिक्री पर सख़्त रोक

छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) के बिलासपुर में ख़तरनाक बर्ड फ़्लू (Bird Flu) की दस्तक ने प्रशासन और आम जनता के बीच भारी दहशत फैला दी है। ताज़ा Bilaspur Bird Flu Alert (बिलासपुर बर्ड फ़्लू अलर्ट) के अनुसार, ज़िले के कोनी स्थित एक सरकारी पोल्ट्री फ़ॉर्म में H5N1 वायरस यानी बर्ड फ़्लू की आधिकारिक पुष्टि हुई है। न्यूज़ रिपोर्ट्स के मुताबिक़, इस जानलेवा संक्रमण के कारण महज़ कुछ ही दिनों के भीतर क़रीब 5 हज़ार मुर्गियों की दर्दनाक मौत हो गई। हालात की सख़्त गंभीरता को देखते हुए ज़िला प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड में आ गया है।
Bilaspur Bird Flu Alert: 10 किलोमीटर के दायरे में बिक्री बैन
इस वायरस के ख़तरनाक फैलाव को रोकने के लिए युद्ध स्तर पर प्रयास जारी हैं। बिलासपुर कलेक्टर संजय अग्रवाल के सख़्त निर्देश के बाद, कोनी पोल्ट्री फ़ॉर्म के 1 किलोमीटर क्षेत्र को इनफ़ेक्टेड ज़ोन (Infected Zone) और 10 किलोमीटर के दायरे को सर्विलांस ज़ोन घोषित किया गया है। इस पूरे निगरानी वाले दायरे में सभी चिकन सेंटर, होटलों और रेस्टोरेंट में चिकन और अंडे की ख़रीद-बिक्री पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है।
रैपिड रिस्पॉन्स टीम (Rapid Response Team) की सख़्त निगरानी
संक्रमण से निपटने के लिए प्रशासन ने तुरंत प्रभाव से रैपिड रिस्पॉन्स टीमों का गठन किया है, जो संक्रमित पक्षियों को नष्ट करने और क्षेत्र को सैनेटाइज़ करने का काम कर रही हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कोनी क्षेत्र के 135 से ज़्यादा घरों का ज़मीनी सर्वे भी किया है। प्रशासन ने हेल्पलाइन नंबर जारी करते हुए लोगों से अपील की है कि वे एहतियात बरतें और ताज़ा हालात सुधरने तक पोल्ट्री उत्पादों से बिल्कुल दूर रहें।
कारोबारियों (Traders) को हो रहा रोज़ाना करोड़ों का नुक़सान
प्रशासन की इन पाबंदियों और सख़्ती के कारण बिलासपुर के पोल्ट्री व्यवसाय की कमर टूट गई है। ज़मीनी जानकारी के मुताबिक़, रोज़ाना क़रीब एक करोड़ रुपये का बड़ा कारोबार प्रभावित हो रहा है। भारी नुक़सान से परेशान और नाराज़ कारोबारियों ने हाल ही में स्थानीय विधायक के बंगले का भी घेराव किया था, लेकिन प्रशासन के लिए फ़िलहाल जनसुरक्षा ही सबसे बड़ी और पहली प्राथमिकता है।



