IPL टिकट के नाम पर ऑनलाइन ठगी का जाल, फर्जी वेबसाइट से लोगों को बनाया जा रहा शिकार

रायपुर में RCB vs MI मैच से पहले छत्तीसगढ़ पुलिस का अलर्ट, QR और UPI पेमेंट से हो रही ठगी
रायपुर। आईपीएल का रोमांच बढ़ते ही ऑनलाइन टिकट ठगी करने वाले साइबर अपराधी भी सक्रिय हो गए हैं। राजधानी रायपुर में 10 मई को होने वाले रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) और मुंबई इंडियंस (MI) के मैच से पहले छत्तीसगढ़ पुलिस ने बड़ा साइबर अलर्ट जारी किया है। पुलिस के मुताबिक “Cricfit” जैसी फर्जी वेबसाइट और सोशल मीडिया लिंक के जरिए लोगों को टिकट बेचने का झांसा देकर ऑनलाइन ठगी की जा रही है।
शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, रायपुर में होने वाले इस हाई-प्रोफाइल मैच के टिकटों की भारी मांग का फायदा साइबर ठग उठा रहे हैं। लोगों को व्हाट्सएप, फेसबुक, इंस्टाग्राम और टेलीग्राम पर आकर्षक ऑफर देकर नकली टिकट बुकिंग लिंक भेजे जा रहे हैं।
ऐसे हो रही ठगी
साइबर ठग पहले सोशल मीडिया पर “लिमिटेड सीट”, “वीआईपी पास”, “अर्ली बुकिंग ऑफर” जैसे विज्ञापन चलाते हैं। इसके बाद यूजर्स को एक नकली वेबसाइट पर ले जाया जाता है, जहां असली टिकट पोर्टल जैसा इंटरफेस दिखता है।
पीड़ितों से QR कोड स्कैन कराकर या UPI ID पर भुगतान कराया जाता है। भुगतान के बाद या तो टिकट मिलता ही नहीं, या फिर फर्जी PDF भेज दी जाती है। कई मामलों में पेमेंट के बाद वेबसाइट और मोबाइल नंबर दोनों बंद हो जाते हैं।
पोस्टर में दिख रही “Cricfit Pvt Ltd” नाम की संदिग्ध पेमेंट डिटेल्स को लेकर भी पुलिस ने लोगों को सतर्क किया है।
पुलिस ने जारी की एडवाइजरी
छत्तीसगढ़ पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि —
- केवल अधिकृत (ऑफिशियल) वेबसाइट या ऐप से ही टिकट खरीदें
- किसी अनजान QR कोड या UPI ID पर भुगतान न करें
- सोशल मीडिया या व्हाट्सएप लिंक से टिकट बुकिंग से बचें
- पेमेंट करने से पहले वेबसाइट की सत्यता अवश्य जांच लें
- किसी भी संदिग्ध लिंक या वेबसाइट की सूचना तत्काल साइबर सेल को दें
बढ़ रहा साइबर फ्रॉड का नया ट्रेंड
विशेषज्ञों के अनुसार बड़े खेल आयोजन, कॉन्सर्ट और धार्मिक आयोजनों के दौरान टिकट ठगी के मामले तेजी से बढ़ते हैं। साइबर अपराधी नकली डोमेन बनाकर लोगों को भ्रमित करते हैं। कई वेबसाइट्स का डिजाइन इतना प्रोफेशनल होता है कि आम व्यक्ति आसानी से धोखा खा जाता है।
साइबर एक्सपर्ट्स का कहना है कि यदि किसी वेबसाइट पर भारी डिस्काउंट, तुरंत पेमेंट का दबाव या केवल QR भुगतान का विकल्प दिया जा रहा हो, तो सतर्क हो जाना चाहिए।
ठगी का शिकार होने पर क्या करें?
यदि किसी व्यक्ति से ऑनलाइन टिकट के नाम पर ठगी हो जाती है, तो तुरंत —
- राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत करें
- साइबर क्राइम पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें
- बैंक और UPI सेवा प्रदाता को तत्काल सूचित करें
- पेमेंट स्क्रीनशॉट, लिंक और चैट सुरक्षित रखें
जनता से अपील
छत्तीसगढ़ पुलिस ने लोगों से इस जागरूकता संदेश को अधिक से अधिक साझा करने की अपील की है, ताकि कोई भी क्रिकेट प्रेमी साइबर ठगों का शिकार न बने।



