Iran Israel Conflict: 1.4 करोड़ लोग मरने को तैयार, तेहरान में धमाकों के बीच राष्ट्रपति का बड़ा बयान

मध्य पूर्व में चल रहा भीषण युद्ध अब अपने सबसे ख़तरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। ताज़ा Iran Israel Conflict (ईरान इज़राइल कॉन्फ़्लिक्ट) न्यूज़ अपडेट के अनुसार, ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने एक बेहद सख़्त बयान दिया है। आधिकारिक न्यूज़ रिपोर्ट्स के मुताबिक़, राष्ट्रपति ने साफ़ कहा है कि देश की सुरक्षा के लिए वह ख़ुद और 1.4 करोड़ ईरानी नागरिक मरने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। अंतरराष्ट्रीय बाज़ार और कूटनीति में रोज़ गहराते इस संकट के ख़िलाफ़ दुनिया भर के नेताओं का ज़ोर शांति पर है, लेकिन हालात ज़्यादा तेज़ रफ़्तार से बिगड़ रहे हैं।
ट्रंप (Trump) की सख़्त चेतावनी और इज़राइली जेट्स
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार रात 8 बजे तक का अल्टीमेटम दिया था। ट्रंप का यह ख़ास फ़ैसला था कि अगर समझौता नहीं हुआ, तो 12 बजे रात तक भारी तबाही मचाई जाएगी। इसी बीच ईरान की राजधानी तेहरान में हालात बेहद गंभीर हो गए हैं। आसमान में इज़राइल के फ़ाइटर जेट्स लगातार मंडरा रहे हैं और अल जज़ीरा की रिपोर्ट के अनुसार तेहरान में 3 बड़े धमाके भी सुने गए हैं।
आम नागरिकों को ट्रेन (Train) यात्रा से बचने की हिदायत
इज़राइल की सेना ने फ़ारसी भाषा में अलर्ट जारी करते हुए ईरान के आम लोगों से एक सख़्त अपील की है। सेना ने अगले 12 घंटों (रात 11 बजे) तक ट्रेनों और रेलवे स्टेशनों के आसपास यात्रा न करने का अहम क़दम उठाने को कहा है। इस भारी तनाव के बीच दोनों देश अपनी सैन्य ताक़त दिखाने पर पूरा ज़ोर लगा रहे हैं।
वैश्विक ऊर्जा संकट (Energy Crisis) का बड़ा ख़तरा
इस तेज़ युद्ध को लेकर अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (IEA) के प्रमुख फ़ातिह बिरोल ने सख़्त चिंता ज़ाहिर की है। उन्होंने कहा है कि 1973, 1979 और 2002 के संकट को मिलाकर भी वर्तमान ख़तरा बहुत ज़्यादा भयानक है। इस विनाशकारी युद्ध का सीधा और सख़्त असर पूरी दुनिया के तेल और गैस आपूर्ति बाज़ार पर पड़ेगा, जिससे वैश्विक अर्थव्यवस्था हिल सकती है।



