Tech&Business

HDFC Bank Share: 3 महीने में 25% टूटा शेयर, चेयरमैन के इस्तीफ़े के बाद निवेश करें या बेचें?

शेयर बाज़ार (Stock Market) के निवेशकों के लिए एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank) के शेयरों में आ रही लगातार गिरावट भारी चिंता का विषय बन गई है। ताज़ा HDFC Bank Share (एचडीएफसी बैंक शेयर) पिछले 3 महीनों में इस दिग्गज बैंकिंग शेयर में 25 प्रतिशत की भारी और सख़्त गिरावट दर्ज़ की गई है। वित्तीय न्यूज़ रिपोर्ट्स के मुताबिक़, 18 मार्च को बैंक के पार्ट-टाइम चेयरमैन अतनु चक्रवर्ती के अचानक इस्तीफ़े और AT-1 बॉन्ड विवाद के बाद शेयर पर दबाव और भी ज़्यादा बढ़ गया है। ऐसे में निवेशकों के मन में यह बड़ा सवाल है कि क्या इस शेयर में और मंदी आएगी?

HDFC Bank Share: आख़िर क्यों आ रही है गिरावट?

बाज़ार जानकारों के अनुसार, HDFC Bank का शेयर अभी एक ‘रीसेट फ़ेज़’ (Reset Phase) से गुज़र रहा है। HDFC Ltd के विलय के बाद बैंक अपनी बैलेंस शीट को दुरुस्त करने में सख़्ती से जुटा हुआ है। हालांकि, बैंक का क़र्ज़-जमा अनुपात अभी भी काफ़ी ऊंचा है और मुनाफ़े पर दबाव साफ़ देखा जा रहा है। इसके अलावा, एथिकल कारणों से चेयरमैन के इस्तीफ़े और 12 अधिकारियों पर संभावित कार्रवाई की ख़बरों ने संस्थागत निवेशकों को असहज कर दिया है। विदेशी निवेशकों (FIIs) की बिकवाली और कच्चे तेल की बढ़ती क़ीमतों ने भी इस शेयर को भारी नुक़सान पहुंचाया है।

Q4 अपडेट (Update) में कैसे रहे बैंक के आंकड़े?

नकारात्मक ख़बरों के बीच बैंक का कारोबार अभी भी मज़बूती से आगे बढ़ रहा है। मार्च 2026 तिमाही के सख़्त और आधिकारिक अपडेट के अनुसार, बैंक का औसत एडवांस 29.64 लाख करोड़ रुपये रहा, जो पिछले साल के मुक़ाबले 10% ज़्यादा है। वहीं, बैंक का कुल डिपॉज़िट (Deposit) भी 12.8% बढ़कर 28.51 लाख करोड़ रुपये हो गया है। बैंक के चालू और बचत खाते (CASA) में भी 10.8% की अच्छी बढ़त दर्ज़ की गई है। ये आंकड़े साफ़ बताते हैं कि विवादों के बावजूद बैंक के फंडामेंटल्स (Fundamentals) मज़बूत हैं।

एक्सपर्ट्स (Experts) की राय: ख़रीदें या बेचें?

बाज़ार के तकनीकी विश्लेषण के मुताबिक़, HDFC Bank का शेयर अभी 740 से 750 रुपये के आसपास सपोर्ट ढूंढ रहा है। अगर यह सपोर्ट टूटता है, तो शेयर 680 रुपये तक गिर सकता है। ऊपर की तरफ़ 800 से 820 रुपये पर एक सख़्त रुकावट है। वित्तीय विशेषज्ञ संदीप पांडे का मानना है कि लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह भारी गिरावट ‘सोने पे सुहागा’ साबित हो सकती है और मौजूदा स्तर पर ख़रीददारी (Buy) करने का एक अच्छा मौक़ा हो सकता है।

Related Articles

Back to top button